रेवांचल टाइम्स मंडला- आदिवासी बाहुल्य क्षेत्र मंडला जिले में कुछ रसूखदार मटेरियल सप्लायर और खुद को ग्राम पंचायतो में मटेरियल सप्लयार की आड़ में ठेकेदारी करने वाले गुणवत्ता हीन मटेरियल की ख़बर लगते ही तिलमिला उठे और जोश में होश खो कर ख़बर प्रकाशन वाले पत्रकार को गली गलौच करते हुए जान से मारने और बीबी बच्चो से थाने में जाकर शिकायत करने और फ़साने की धमकी फोन में ही दे डाली इससे यह प्रतीत होता है
कि गुण्डे माफियो और तथाकथित मटेरियल सप्लॉयरो को कानून का भय नहीं हैं बल्कि अपनी जाति का फायदा उठा कर उन्हें फांसने से लेकर मारपीट तक करने में उतारू हो गए जिससे लगता है की जिले के पत्रकार और पत्रकारिता अब सुरक्षित नजर नहीं आ रही है जहां सच लिखना या छापना अब स्वतंत्र पत्रकारिता न होकर जान जोखिम में डालकर करने वाला काम बन चुका है मंडला जिले में झूठे प्रकरण और झूठी शिकायत पर बिना जाँच पड़ताल किये ही पुलिस विभाग पत्रकारों पर एफ आई आर करना और मुकदमा होना आम बात हो चली है

वही ऐसा ही मामला तहसील मुख्यालय घुघरी के एक स्थानीय पत्रकार को मटेरियल सप्लायर जयसिंह कुशराम जो कि ग्राम पंचायत के सरपंच उपसरपंच और सचिव के साथ मिलकर 20%-30% कमीशन देकर काम ले लेते हैं जबकि निर्माण एजेंसी ग्राम पंचायत है पर आज ग्राम पंचायतो में खुलेआम ठेकेदारी प्रथा लागु हो चुकी है
और ग्राम पंचायतो में मटेरियल सप्लयार के नाम पर खुली ठेकेदारी की जा रही है और सरपंच सचिव रोजगार सहायक और उपयंत्री की मिलीभगत से विकास के कार्यो में घटिया मटेरियल और सामग्री का उपयोग करके लूट मचा रखी हुई हैं सप्लायर द्वारा जो सामग्री पहुंचायी जा रही है
जिसका ग्रामीण जनों के द्वारा आरोप लगाते हुए जांच की मांग की जा रही है और चल रहे निर्माण कार्य और उस कार्य में लग रहे मटेरियल की विधिवत जांच होनी चाहिए उनकी जांच न करके उपयंत्री भी कमीशनखोरी के चलते घटिया मटेरियल को भी अच्छा बताकर कमीशन के चक्कर में मटेरियल सप्लायर के पक्ष में रख रहा है
और कार्य की गुणवत्ता का ध्यान नहीं देते जिसके चलते मटेरियल सप्लायरों के हौसले बुलंद हो रहे हैं जिसकी जिसकी ख़बर प्रकाशन के बाद खुलेआम पत्रकारों को झूठे प्रकरण और एस टी एस सी जैसे मामलों में फंसाने की धमकी देते हैं वहीं नाम न छापने की शर्त पर ग्राम वासी ने बताया कि जयसिंह कुशराम जो कि गोंगपा का सदस्य है वो कमलेश तेकाम का नाम बताकर अनेक निर्माण कार्य कराता है जो कि आप घुघरी की अनेक पंचायत में देख सकते हैं
जिसमें उपयंत्री अजय बघेले जो कि बिना जाँच पड़ताल किये घटिया मटेरियल को भी अच्छा बता देते हैं क्योंकि जयसिंह और उपयंत्री का कमीशन फिक्स है..अब देखना ये है कि क्या प्रशासन इसकी निष्पक्ष जांच करके दोषियों पर कार्रवाई करेगा
और पत्रकार को धमकी देने पर पुलिस विभाग मटेरियल सप्लायर जयसिंह कुशराम पर क्या कार्रवाई करेगा..आदिवासी की धौंस देते हुए हर किसी सामान्य व्यक्ति को आदिवासी होने की धमकी और गोंगपा पार्टी की धमकी के साथ-साथ अवैध गतिविधियों में सीधे प्रदेश अध्यक्ष का नाम बताकर अपनी वजनदारी का परिचय देते जयसिंह कुशराम पर आखिर क्या सीधे प्रदेश अध्यक्ष कमलेश तेकाम का समर्थन है या फिर गोंगपा ऐसे लोगो को भ्रष्टाचार करने की अनुमति प्रदान करती है.इनका कहना है
मुझे रात्रि में को 6363870544 इस नंबर से कॉल करके गाली गलौज करते हुए अपने आप को जयसिंह कुशराम बतलाते हुए कहा की तुम मुझे नहीं जानते हो में तेरी माँ बहन करते हुए जान से मारने की धमकी दी गई है और कहां की तू कभी सलवाह आ वापस नहीं जाऐगा
और में कल अपने बीबी बच्चे को थाने भेज कर तेरी शिकायत करवाता हूँ तू नहीं जनता में कौन हूँ तुझ पर एस टी एस सी मामले में जेल भेज देने की धमकी दी गई है। जिसकी लिखित शिकायत मेरे द्वारा पुलिस अधीक्षक मंडला एवं थाना घुघरी में जांच और कार्यवाही के लिए दी जा चुकी है..
स्थानीय पत्रकार घुघरी..वहीं जब इस संबंध में गोंडवाना गणतंत्र पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष कमलेश तेकाम से मोबाइल के माध्यम से संपर्क करना चाहा गया तो दो से तीन बार रिंग बजती रही और उनके द्वारा फोन रिसीव नहीं किया गया इसलिए उनका पक्ष नहीं रख सके..
