गुणवत्ताहीन रेत से पुल का निर्माण,सड़क भी अधूरी ग्वालियर की कंस्ट्रक्शन कंपनी पर घटिया निर्माण कराए जाने के आरोप,अंगई से झोरटोला मार्ग,

गुणवत्ताहीन रेत से पुल का निर्माण,सड़क भी अधूरी

ग्वालियर की कंस्ट्रक्शन कंपनी पर घटिया निर्माण कराए जाने के आरोप,,,अंगई से झोरटोला मार्ग,

दैनिक रेवांचल टाइम्स बजाग – पी एम जनमन योजना के तहत अंगई ग्राम से झोरटोला तक डामरीकृत सड़क का निर्माण किया जा रहा है जो कि अभी अधूरा है इसी मार्ग के अंतिम छोर पर एक बड़े नाले पर पुल का निर्माण भी किया जा रहा है पुल के निर्माण दौरान कई विसंगतियां सामने आ रही है पुल के निर्माण कार्य में उपयोग की जाने वाली सामग्री की गुणवत्ता पर सवाल उठ रहे है बताया गया कि निर्माण में निम्न गुणवत्ता वाली रेत का उपयोग किया जा रहा है वही इस्तेमाल की जा रही रेत काली एवं बजरी मिश्रित है जिससे पुल की मजबूती पर सवाल खड़े होना तय है कांक्रीट की ढलाई में वाइब्रेटर मशीन का उपयोग नहीं किया जा रहा है

इस वजह से कंक्रीट का मसाला सही सेट नहीं हो पा रहा है जिस स्थान पर पुल का निर्माण किया जा रहा है वहां बारह माह पानी का आवागमन रहता है लोगो का कहना है कि ऐसे स्थान पर मजबूत संरचना के साथ कार्य होना चाहिए। जिससे भविष्य में किसी भी तरह की परेशानी से बचा जा सके । जिस निर्माण एजेंसी के द्वारा यह कार्य कराया जा रहा है उसी के द्वारा किए गए सड़क निर्माण में पहले भी कई खामियां देखने को मिली है

Construction of bridge using poor quality sand, road also incomplete, Gwalior's construction company
Construction of bridge using poor quality sand, road also incomplete, Gwalior’s construction company

अंगई से झोरटोला तक लगभग तीन किमी की लंबाई वाली सड़क का निर्माण कार्य अभी पूरा नहीं हुआ है सड़क पर लगभग दो किमी डामर बिछाकर बीते कुछ दिनों से कार्य बंद कर दिया गया है बारिश सिर पर है और सड़क का कार्य अधूरा छोड़ दिया गया है अगर समय रहते कार्य पूरा नहीं किया गया तो इस मार्ग पर आवाजाही करने वाले मुसाफरों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।

लोगो का आरोप है कि सड़क निर्माण कंपनी शुरू से ही जनता के हितों से परे होकर मनमानी पूर्वक कार्य कर रही है और जिम्मेदार जानकर भी अनजान बने हुए है सड़क बनने के बाद से गुणवत्ता की परख आज तक नहीं की गई है

इनका कहना है कार्य गुणवत्ता पूर्ण कराया जा रहा है सड़क के निर्माण में कुछ किसान अपनी जमीन बताकर रोड नहीं बनने दे रहे है।जे पी मेहरा, प्रबंधक पी एम जी एस वाय

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