उप स्वास्थ्य केंद्र का घटिया निर्माण ,ग्रामीणों ने की शिकायत नींव से लेकर छत तक का घटिया निर्माण झनकी का मामला

kaonebroadcast@gmail.com
3 Min Read

उप स्वास्थ्य केंद्र का घटिया निर्माण ,ग्रामीणों ने की शिकायत नींव से लेकर छत तक का घटिया निर्माण झनकी का मामला

दैनिक रेवांचल टाइम्स बजाग – ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए शासन करोड़ों रुपये खर्च कर रही है,इसके लिए गुणवत्तापूर्ण भवन निर्माण की जिम्मेदारी जिन एजेंसियो को सौंपी गई है वो ही शासन को पलीता लगाने से बाज नहीं आ रहे है वही निर्माण एजेंसियो द्वारा किए जा रहे घटिया निर्माण की ज़मीनी हकीकत बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं के दावों को खोखला साबित कर रही है। मामला करंजिया जनपद के झनकी गांव का, जहां निर्माण एजेंसी द्वारा उपस्वास्थ्य केंद्र के भवन निर्माण में नियमों की अनदेखी की जा रही है 65 लाख रुपये की लागत से बन रहा अस्पताल भवन निर्माणाधीन हालत में ही जर्जर होता नजर आ रहा है।


अभी भवन पूरी तरह बन भी नहीं पाया है, लेकिन इसकी नींव पहले ही धंसने लगी है। बीम और कॉलम में जगह-जगह मोटी दरारें पड़ चुकी हैं। निर्माण की गुणवत्ता की स्थिति यह है कि लेंटर के दौरान मलबा भरभराकर गिर गया था, जिसे अब सिर्फ ऊपर से लीपापोती कर ढकने की कोशिश की जा रही है। बताया गया है कि छत की ढलाई में प्राक्कलन के विपरीत आठ एम एम की सरिया लगाई गई है जिससे छत की मजबूती पर सवाल खड़े हो रहे है और छत अभी से झुकने लगी है नींव के ऊपरी हिस्से में जहां कंक्रीट की ढलाई कर दीवार बनाई जानी थी वहां पत्थर भर दिए गए है ग्रामीणों की शिकायत पर SDM बजाग रामबाबू देवांगन ने मौके पर पहुंचकर अस्पताल भवन का निरीक्षण किया। ग्रामीणों ने खुलकर आरोप लगाए कि निर्माण कार्य में भारी भ्रष्टाचार हुआ है।

Poor construction of sub health center, villagers complained
Poor construction of sub health center, villagers complained


लापरवाही उजागर होने के बाद अब ठेकेदार दरारों को छिपाने में जुट गया है। लेकिन ग्रामीणों का साफ कहना है कि यदि इस वक्त निर्माण की गुणवत्ता पर ध्यान नहीं दिया गया, तो आने वाले समय में यह अस्पताल भवन कभी भी जमींदोज हो सकता है।सरकारी योजनाएं जब भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ती हैं, तो इसका खामियाज़ा आम जनता को भुगतना पड़ता है। सवाल यह है कि 65 लाख रुपये की लागत में भी अगर गुणवत्ता नहीं आ पा रही है तो जिम्मेदार कौन है?

👁️ 0 views Views
Share This Article
Translate »