हिरदेनगर में श्रीमद् भागवत कथा के छठवें दिन श्रीकृष्ण-रुक्मिणी विवाह प्रसंग का हुआ भावपूर्ण वर्णन

Revanchal
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.कथा में पहुंचे प्रभारी मंत्री, मंडला सांसद, कैबिनेट मंत्री

रेवांचल टाइम्स मंडला। ग्राम पंचायत हिरदेनगर में भाजपा जिला अध्यक्ष प्रफुल्ल मिश्रा के गृह ग्राम में आयोजित श्रीमद् भागवत कथा ज्ञान यज्ञ में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है। कथा के छठवें दिन महारास लीला एवं भगवान श्रीकृष्ण-रुक्मिणी विवाह का अत्यंत भावपूर्ण प्रसंग सुनाया गया, जिसे सुनकर श्रद्धालु भाव-विभोर हो उठे।


इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में मंडला जिले के प्रभारी मंत्री दिलीप जायसवाल, मंडला सांसद फग्गन सिंह कुलस्ते, प्रदेश की कैबिनेट मंत्री संपतिया उईके सहित क्षेत्र के अनेक जनप्रतिनिधि, समाजसेवी और बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। सभी अतिथियों ने मंच पर पहुंचकर कथा वाचक परम पूज्य संत प्रवर सिया बल्लभदास वेदांती जी महाराज (अयोध्या धाम) का पुष्पमाला पहनाकर स्वागत किया और आशीर्वाद प्राप्त किया।

अयोध्या धाम से पधारे संत प्रवर सिया बल्लभदास वेदांती जी महाराज के मुखारविंद से श्रीमद् भागवत कथा का रसपान कराते हुए उन्होंने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण की लीलाएं केवल धार्मिक कथाएं नहीं बल्कि मानव जीवन को धर्म, प्रेम और भक्ति का मार्ग दिखाने वाली दिव्य प्रेरणा हैं।

महाराज ने महारास और श्रीकृष्ण-रुक्मिणी विवाह प्रसंग का वर्णन करते हुए बताया कि भगवान श्रीकृष्ण का जीवन हमें प्रेम, समर्पण और धर्म के पालन की शिक्षा देता है। उन्होंने कहा कि जब मनुष्य अपने जीवन में भक्ति और सदाचार को अपनाता है तो उसका जीवन सफल हो जाता है।


कार्यक्रम में उपस्थित प्रभारी मंत्री दिलीप जायसवाल ने कहा कि इस प्रकार के धार्मिक आयोजन समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करते हैं और लोगों को आध्यात्मिक मार्ग की ओर प्रेरित करते हैं। उन्होंने कहा कि श्रीमद् भागवत कथा केवल धार्मिक आयोजन नहीं बल्कि समाज को जोड़ने का माध्यम भी है, जहां लोग एक साथ बैठकर धर्म, संस्कृति और संस्कारों की बात करते हैं।

मंडला सांसद फग्गन सिंह कुलस्ते ने कहा कि भारतीय संस्कृति की जड़ें धर्म और आध्यात्म से जुड़ी हुई हैं। श्रीमद् भागवत कथा जैसे आयोजन समाज में नैतिक मूल्यों और संस्कारों को मजबूत करने का कार्य करते हैं। उन्होंने भाजपा जिला अध्यक्ष को इस भव्य धार्मिक आयोजन के लिए बधाई देते हुए कहा कि ऐसी कथाएं नई पीढ़ी को भी अपनी संस्कृति से जोड़ने का काम करती हैं। वहीं कैबिनेट मंत्री संपतिया उईके ने कहा कि भागवत कथा के माध्यम से समाज में भक्ति, प्रेम और सद्भावना का संदेश प्रसारित होता है। उन्होंने कहा कि भगवान की कथा सुनने से मन को शांति मिलती है और जीवन में सकारात्मकता आती है। इस अवसर पर महाराज द्वारा मंच से उपस्थित जनप्रतिनिधियों और अतिथियों को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित भी किया गया। कथा स्थल पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु भक्तों की उपस्थिति रही, जिन्होंने श्रद्धा भाव से कथा श्रवण कर धर्म लाभ प्राप्त किया। कथा का कार्यक्रम प्रतिदिन श्रद्धा और भक्ति के साथ जारी है, जिसमें आसपास के गांवों सहित दूर-दूर से भी श्रद्धालु बड़ी संख्या में पहुंच रहे हैं।

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