दैनिक रेवाँचल टाईम्स – मंडला, नैनपुर। महाकौशल क्षेत्र के लिए बड़ी राहत की खबर है। लगभग 9 वर्षों के लंबे इंतजार के बाद नैनपुर के सिवनी फाटक, लेवल क्रॉसिंग संख्या GJ-91 पर बनने वाले पहले रोड ओवर ब्रिज को स्वीकृति मिल गई है। दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के गति शक्ति यूनिट द्वारा जारी आधिकारिक पत्र के अनुसार अब निर्माण कार्य प्रारंभ करने की प्रक्रिया शुरू हो गई है तथा अतिक्रमण हटाने के लिए जिला प्रशासन और नगर पालिका को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।


27 जनवरी 2026 को हुई थी महत्वपूर्ण मुलाकात
महाकौशल रेलवे एक्टिविस्ट अथर्व सिंह, जो पिछले सात वर्षों से महाकौशल क्षेत्र में रेल विकास और जनहित के मुद्दों पर लगातार सक्रिय हैं, ने 27 जनवरी 2026 को बालाघाट-सिवनी लोकसभा के पूर्व सांसद डॉ. ढाल सिंह बिसेन के निजी आवास पर मुलाकात कर नैनपुर के सिवनी फाटक GJ-91 पर रोड ओवर ब्रिज निर्माण की मांग का ज्ञापन सौंपा था।
बैठक के दौरान अथर्व सिंह ने पूर्व सांसद को बताया कि ब्रॉडगेज रेल लाइन शुरू होने के बाद इस फाटक पर लगातार जाम लग रहा है, जिससे आम नागरिकों, मरीजों, एंबुलेंस, विद्यार्थियों और व्यापारियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस पर डॉ. ढाल सिंह बिसेन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों के समक्ष विषय उठाया और आवश्यक कार्रवाई आगे बढ़ाई। इसके बाद परियोजना को गति मिली और अब रेलवे ने रोड ओवर ब्रिज को स्वीकृति प्रदान कर दी है।
2017 से महसूस होने लगी थी रोड ओवर ब्रिज की आवश्यकता
महाकौशल की बहुप्रतीक्षित जबलपुर-नैनपुर ब्रॉडगेज रेल परियोजना का विस्तार चरणबद्ध तरीके से हुआ। 18 अक्टूबर 2016 को तत्कालीन रेल मंत्री सुरेश प्रभु ने जबलपुर से सुकरी मंगेला तक पहली ब्रॉडगेज यात्री ट्रेन को हरी झंडी दिखाई। इसके बाद 31 मार्च 2017 को रेल सेवा का विस्तार घंसौर तक हुआ तथा 28 नवंबर 2017 को पहली बार जबलपुर से नैनपुर के बीच नियमित ब्रॉडगेज यात्री ट्रेनों का संचालन शुरू हुआ।
ब्रॉडगेज ट्रेनों के नियमित संचालन के साथ ही नैनपुर के सिवनी फाटक, लेवल क्रॉसिंग संख्या GJ-91 पर रोड ओवर ब्रिज की आवश्यकता स्पष्ट रूप से महसूस होने लगी। यह फाटक राष्ट्रीय राजमार्ग 543 मंडला-बालाघाट मार्ग तथा राज्य राजमार्ग 12 नैनपुर-सिवनी मार्ग को जोड़ता है। ट्रेनों के आवागमन के दौरान फाटक लंबे समय तक बंद रहने से प्रतिदिन हजारों वाहन जाम में फंसने लगे। स्कूल बसें, एंबुलेंस, यात्री बसें, मालवाहक वाहन और आम नागरिकों को वर्षों तक भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
9 वर्षों तक लगातार उठती रही मांग
वर्ष 2017 से वर्ष 2026 तक स्थानीय नागरिकों, व्यापारिक संगठनों, सामाजिक संस्थाओं, जनप्रतिनिधियों और रेल हितैषियों ने लगातार रोड ओवर ब्रिज निर्माण की मांग उठाई। समय के साथ यह केवल यातायात सुविधा का विषय नहीं रहा, बल्कि सड़क सुरक्षा, आपातकालीन सेवाओं और जनहित की अत्यंत महत्वपूर्ण आवश्यकता बन गया।
30 जुलाई 2026 को रेलवे ने जारी किया स्वीकृति पत्र
30 जुलाई 2026 को दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के सीनियर सेक्शन इंजीनियर, गति शक्ति यूनिट, नैनपुर द्वारा नगर पालिका परिषद नैनपुर के मुख्य नगर पालिका अधिकारी को जारी आधिकारिक पत्र में बताया गया कि लेवल क्रॉसिंग संख्या GJ-91 पर लगभग 1100 मीटर लंबा और 25 मीटर चौड़ा रोड ओवर ब्रिज स्वीकृत किया जा चुका है तथा निर्माण कार्य शीघ्र प्रारंभ किया जाएगा।
पत्र में रेलवे ने नगर पालिका से अनुरोध किया है कि निर्माण क्षेत्र में मौजूद अतिक्रमण हटाए जाएं। इसके तहत मंडला दिशा में लगभग 400 मीटर तथा सिवनी दिशा में लगभग 700 मीटर तक के अनधिकृत अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की जाएगी, ताकि निर्माण कार्य बिना किसी बाधा के शुरू हो सके।
इस पत्र की प्रतिलिपि कलेक्टर मंडला, एसडीएम नैनपुर, तहसीलदार नैनपुर, डीवाईसीई गति शक्ति यूनिट नागपुर, आरपीएफ तथा थाना नैनपुर को भी भेजी गई है, जिससे स्पष्ट है कि रेलवे और जिला प्रशासन निर्माण कार्य प्रारंभकराने के लिए समन्वित कार्रवाई कर रहे हैं।
अब निर्माण शुरू होने का इंतजार
करीब 9 वर्षों के लंबे इंतजार के बाद नैनपुर के पहले रोड ओवर ब्रिज को मिली स्वीकृति क्षेत्र के लिए बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है। अब लोगों की निगाहें अतिक्रमण हटाने, निविदा प्रक्रिया, कायदिश और निर्माण कार्य के शीघ्र शुभारंभ पर टिकी हैं। निर्माण पूरा होने के बाद यह रोड ओवर ब्रिज राष्ट्रीय राजमार्ग 543 मंडला-बालाघाट मार्ग तथा राज्य राजमार्ग 12 नैनपुर-सिवनी मार्ग पर यातायात को निर्बाध बनाएगा और वर्षों पुराने जाम, समय की बर्बादी तथा सुरक्षा संबंधी समस्याओं से लाखों नागरिकों को स्थायी राहत प्रदान करेगा।
