चुनाव आयोग (ECI) आज (11 दिसंबर, 2025) 12 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) की प्रगति की समीक्षा के लिए एक महत्वपूर्ण बैठक कर रहा है, जिसमें समयसीमा बढ़ाने पर विचार किया जाएगा।
जिन राज्यों में एसआईआर की प्रगति धीमी है, उनमें अंडमान-निकोबार, छत्तीसगढ़, गोवा, गुजरात, केरल, लक्षद्वीप, मध्य प्रदेश, पुडुचेरी, राजस्थान, तमिलनाडु, उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल शामिल हैं।
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चुनाव आयोग आज विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर की प्रक्रिया पर अहम बैठक करेगा। जानकारी के मुताबिक, उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल समेत कई राज्यों में मतदाता सूची के पुनरीक्षण का काम तय समय से पीछे बताया जा रहा है। ऐसे में आयोग इन राज्यों के लिए समयसीमा बढ़ाने पर विचार कर सकता है। आयोग का मानना है कि मतदाता सूची को अधिक सटीक बनाना प्राथमिकता है, इसलिए अतिरिक्त समय देना आवश्यक हो सकता है।
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बंगाल में ECI ने संशोधित मतदाता सूचियों के प्रकाशन की अंतिम तिथि बढ़ाई
चुनाव आयोग ने पश्चिम बंगाल में चल रहे मतदाता सूची के विशेष गहन संशोधन (एसआईआर) की समयसीमा में संशोधन किया है और अंतिम प्रकाशन की तिथि को पहले की निर्धारित तिथि से बदलकर 14 फरवरी, 2026 कर दिया है।
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बुधवार को जारी एक आधिकारिक आदेश में, चुनाव आयोग ने कहा कि बड़े पैमाने पर जनगणना कार्य और राज्य भर में मतदान केंद्रों के उचित सत्यापन और युक्तिकरण की आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए विस्तार प्रदान किया गया है।

मुख्य जानकारी:
- SIR क्या है: स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (Special Intensive Revision – SIR) भारत निर्वाचन आयोग द्वारा मतदाता सूचियों को अपडेट और पारदर्शी बनाने के लिए एक घर-घर जाकर चलाया जाने वाला व्यापक अभियान है, ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि कोई भी पात्र मतदाता छूटे नहीं और कोई भी अपात्र व्यक्ति सूची में शामिल न हो।
- मौजूदा स्थिति: उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, मध्य प्रदेश और राजस्थान समेत 12 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में मतदाता सूची के पुनरीक्षण का काम तय समय से पीछे चल रहा है।
- समयसीमा आज खत्म: कई राज्यों के लिए SIR के तहत प्रगणक फॉर्म (enumeration forms) जमा करने की वर्तमान समयसीमा आज, 11 दिसंबर, 2025 को समाप्त हो रही है। उत्तर प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO) ने पहले ही आयोग से दो सप्ताह का विस्तार मांगा है।
- संभावना: कार्य में देरी और राजनीतिक दलों की चिंताओं के कारण, आयोग इन राज्यों के लिए SIR की समयसीमा बढ़ा सकता है। यह कदम मतदाता सूचियों की सटीकता और समावेशिता बढ़ाने के उद्देश्य से उठाया जा रहा है।
- पिछला विस्तार: आयोग ने पहले ही नवंबर 2025 में SIR की समयसीमा को एक सप्ताह के लिए बढ़ाया था, जिससे प्रगणक फॉर्म भरने की अंतिम तिथि 4 दिसंबर से बढ़ाकर 11 दिसंबर कर दी गई थी।
आज की बैठक के बाद आयोग द्वारा आधिकारिक तौर पर एक नया संशोधित कार्यक्रम जारी किए जाने की उम्मीद है। अंतिम मतदाता सूची 14 फरवरी, 2026 को प्रकाशित होने का नया लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
