दैनिक रेवांचल टाइम्स नरसिंहपुर। प्रदेश की नगरीय निकायों में वर्षों से कार्यरत दैनिक वेतनभोगी, विनियमित कर्मचारी, सामुदायिक संगठक एवं अन्य कर्मचारियों की लंबित समस्याओं को लेकर कर्मचारियों ने एकजुट होकर सरकार से शीघ्र समाधान की मांग उठाई है। अटल नगरीय निकाय अधिकारी-कर्मचारी कल्याण संघ द्वारा आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री एवं संबंधित मंत्रियों के नाम ज्ञापन सौंपते हुए कर्मचारियों की 11 सूत्रीय मांगों पर तत्काल कार्रवाई की अपेक्षा जताई गई।
कार्यक्रम का शुभारंभ भगवान नरसिंह, मां सरस्वती एवं मां नर्मदा के पूजन-अर्चन से हुआ। संघ के प्रदेश संरक्षक एवं पूर्व राज्य मंत्री जालम सिंह पटेल तथा भाजपा जिलाध्यक्ष रामस्नेही पाठक को सौंपे गए ज्ञापन में बताया गया कि प्रदेशभर के हजारों कर्मचारी 10 से 25 वर्षों से सेवाएं दे रहे हैं, लेकिन आज तक नियमितीकरण, वेतनमान, अनुकंपा नियुक्ति एवं सामाजिक सुरक्षा जैसी मूलभूत सुविधाओं से वंचित हैं।
कर्मचारियों ने वर्ष 2007 के बाद से कार्यरत दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों और श्रमिकों के नियमितीकरण, समय पर वेतन भुगतान तथा 20 से 25 वर्षों से सेवाएं दे रहे सामुदायिक संगठकों को नियमित कर लेवल-8 वेतनमान प्रदान करने की मांग की। इसके साथ ही नगरीय निकायों को मिलने वाली चुंगी क्षतिपूर्ति राशि में कटौती रोकने और उसमें वृद्धि करने का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया गया।
संघ ने नगर निगम, नगर पालिका एवं नगर परिषदों में कार्यरत पंचायत कर्मचारियों (रोजगार सहायकों) के संविलियन तथा प्रक्रिया पूर्ण होने तक 18 हजार रुपये प्रतिमाह मानदेय देने की मांग की। ज्ञापन में सातवें वेतनमान का लाभ, आयुष्मान कार्ड की सुविधा, अनुकंपा नियुक्ति, लंबित वेतन पुनरीक्षण एरियर्स का भुगतान तथा 10 वर्ष की सेवा पूर्ण कर चुके कर्मचारियों को नियमित करने की मांग भी शामिल रही।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रदेश अध्यक्ष के.एल. राय ने संगठन की पारदर्शी कार्यप्रणाली पर प्रकाश डाला और बताया कि संगठन की समस्त आय-व्यय का विवरण सार्वजनिक रखा जाएगा। उन्होंने न्यूनतम वेतनमान पुनरीक्षण में हुई वृद्धि का उल्लेख करते हुए भविष्य में केंद्र सरकार के समान वेतन एवं सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग की।
विशिष्ट अतिथि एवं पूर्व राज्य मंत्री जालम सिंह पटेल ने कर्मचारियों की समस्याओं को गंभीर बताते हुए आश्वासन दिया कि वे आगामी एक-दो माह में संबंधित मंत्रियों के समक्ष इन मुद्दों को उठाकर समाधान का प्रयास करेंगे। भाजपा जिलाध्यक्ष रामस्नेही पाठक ने भी कर्मचारियों की न्यायोचित मांगों के निराकरण के लिए हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया।
नगरपालिका अध्यक्ष नीरज दुबे ने संगठन की बढ़ती सक्रियता की सराहना की, वहीं वरिष्ठ कर्मचारी नेता थम्मन शर्मा ने कहा कि कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए संगठित संघर्ष आवश्यक है। उन्होंने अस्थायी कर्मचारियों के नियमितीकरण हेतु स्पष्ट नीति बनाने की जरूरत पर जोर दिया।
कार्यक्रम में प्रदेश एवं विभिन्न जिलों से आए पदाधिकारी, कर्मचारी प्रतिनिधि और जनप्रतिनिधि बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। कर्मचारियों ने स्पष्ट किया कि यदि उनकी वर्षों पुरानी समस्याओं का शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो प्रदेशभर में व्यापक आंदोलन की रणनीति बनाई जा सकती है।
