रेवांचल टाइम्स मंडला नारायणगंज बस स्टैंड में शुक्रवार को दो यात्री बसों के ड्राइवर और हेल्परों के बीच हुए विवाद ने अचानक हिंसक रूप ले लिया। जबलपुर की ओर जा रही चौधरी ट्रैवल्स और शाशवत ट्रैवल्स के कर्मचारियों के बीच टाइमिंग को लेकर शुरू हुआ विवाद देखते ही देखते मारपीट में बदल गया। घटना के चलते बस स्टैंड में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और यात्रियों को करीब 30 से 40 मिनट तक परेशानी का सामना करना पड़ा।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार चौधरी ट्रैवल्स की बस (एमपी 20 पी 0387) अपने निर्धारित समय से अधिक देर तक बस स्टैंड में खड़ी रही। इसी दौरान पीछे से शाशवत ट्रैवल्स की बस भी वहां पहुंच गई। दोनों बसों के कर्मचारियों के बीच यात्रियों को बैठाने और बस संचालन की टाइमिंग को लेकर कहासुनी शुरू हो गई। कुछ ही देर में विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों पक्षों के बीच गाली-गलौज और धक्का-मुक्की होने लगी।
सूत्रों से जानकारी अनुसार विवाद के दौरान शाशवत ट्रैवल्स के चालक ने कथित रूप से चौधरी ट्रैवल्स के हेल्पर पर लकड़ी के पटिए से हमला कर दिया। वार हेल्पर के सिर पर लगने से वह घायल हो गया और उसके सिर से खून बहने लगा। घटना को देखकर बस स्टैंड पर मौजूद यात्रियों और स्थानीय लोगों में हड़कंप मच गया।मारपीट होते देख आसपास मौजूद लोगों और यात्रियों ने तत्काल बीच-बचाव कर दोनों पक्षों को अलग किया। इसके बाद घायल व्यक्ति को प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया गया। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस भी मौके पर पहुंची और दोनों बसों तथा संबंधित कर्मचारियों को रोककर मामले की जांच शुरू की।घटना के कारण बस स्टैंड पर कुछ समय के लिए यातायात व्यवस्था प्रभावित रही।
पुलिस कार्रवाई के चलते दोनों वाहनों को थाने में खड़ा कर लिया गया, जिससे जबलपुर सहित अन्य स्थानों की यात्रा करने वाले यात्रियों को लगभग 30 से 40 मिनट तक इंतजार करना पड़ा। कई यात्रियों ने बस ऑपरेटरों की मनमानी और आपसी प्रतिस्पर्धा पर नाराजगी जताते हुए कहा कि इसका खामियाजा आम यात्रियों को भुगतना पड़ता है।स्थानीय लोगों का कहना है कि बसों की टाइमिंग और यात्रियों को लेकर अक्सर निजी बस संचालकों के बीच विवाद की स्थिति बनती रहती है, लेकिन सार्वजनिक स्थान पर इस तरह की मारपीट कानून व्यवस्था के लिए गंभीर विषय है।
उन्होंने प्रशासन से बस स्टैंड में अनुशासन बनाए रखने और ऐसे मामलों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।फिलहाल मामला टिकरिया थाना पहुंच गया है, जहां पुलिस दोनों पक्षों के बयान दर्ज कर घटना की जांच कर रही है। पुलिस का कहना है कि जांच के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। वहीं बस स्टैंड पर हुई इस घटना ने निजी बस संचालन व्यवस्था और उनकी कार्यप्रणाली पर भी कई सवाल खड़े कर दिए हैं। यात्रियों का कहना है कि आपसी प्रतिस्पर्धा में कानून हाथ में लेने वालों पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
