
दैनिक रेवांचल टाइम्स | मंडला
मंडला जिले में शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं की हकीकत परखने निकले कलेक्टर राहुल नामदेव धोटे ने बुधवार को विकासखंड बिछिया में औचक निरीक्षण कर लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई की। शासकीय हाई स्कूल मांझीपुर और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भुआ बिछिया के निरीक्षण के दौरान अव्यवस्थाएं सामने आने पर कलेक्टर ने मौके पर ही सख्त निर्देश जारी किए।
सबसे बड़ी कार्रवाई करते हुए खण्ड शिक्षा अधिकारी (बीईओ) बिछिया आतमजीत सिंह अहलुवालिया को विद्यालयों का नियमित निरीक्षण नहीं करने और शैक्षणिक गुणवत्ता की अनदेखी करने के आरोप में निलंबित करने के निर्देश दिए। वहीं अस्पताल में साफ-सफाई और व्यवस्थाओं में गंभीर कमियां मिलने पर बीएमओ डॉ. अनूप कुमार भाटिया को कारण बताओ नोटिस जारी करने तथा अव्यवस्थित स्टोर मिलने पर स्टोर प्रभारी को निलंबित करने के निर्देश दिए।

विद्यालय में विद्यार्थियों से किया संवाद, विज्ञान प्रयोगशाला का लिया जायजा
शासकीय हाई स्कूल मांझीपुर में कलेक्टर ने उपस्थिति पंजी का अवलोकन किया, जहां सभी शिक्षक एवं 90 विद्यार्थी उपस्थित मिले। उन्होंने कक्षा 10वीं के विद्यार्थियों से संस्कृत और खेल गतिविधियों से जुड़े प्रश्न पूछे, जिनका विद्यार्थियों ने संतोषजनक उत्तर दिया।
विज्ञान प्रयोगशाला का निरीक्षण करते हुए कलेक्टर ने उपलब्ध उपकरणों और उनके उपयोग की जानकारी ली तथा विद्यालय में प्रयोग आधारित शिक्षा पर विशेष जोर देते हुए कहा कि “विद्यार्थियों को प्रयोग आधारित शिक्षा से जोड़ना चाहिए, ताकि उनका सर्वांगीण विकास सुनिश्चित हो सके।”
उन्होंने विद्यालय के शौचालयों की नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित करने तथा प्रोजेक्ट संकल्प के तहत आयोजित ऑब्जेक्टिव टेस्ट की प्रगति की भी समीक्षा की।
अस्पताल में मिली अव्यवस्थाएं, आयुष्मान योजना पर भी जताई नाराजगी
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भुआ बिछिया के निरीक्षण में आयुष्मान कार्ड निर्माण की धीमी प्रगति पर कलेक्टर ने नाराजगी जताई और आयुष्मान मित्र भूपेंद्र धुर्वे को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
दवा वितरण रजिस्टर, वार्डों और पैथोलॉजी लैब का निरीक्षण करने के दौरान पीएनसी वार्ड में साफ-सफाई संतोषजनक नहीं पाई गई। अस्पताल परिसर में अव्यवस्थित स्टोर मिलने पर स्टोर प्रभारी के निलंबन तथा अस्पताल की समग्र व्यवस्थाओं में सुधार के लिए संबंधित अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए गए।
कलेक्टर ने कहा कि अस्पताल में स्वच्छता, सुव्यवस्थित व्यवस्था और मरीजों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए।
निरीक्षण के दौरान सीईओ जिला पंचायत शाश्वत सिंह मीना, एसडीएम सोनाली देव, जनपद पंचायत सीईओ भागचंद टिमरिया, तहसीलदार, नायब तहसीलदार सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
