“छत्तीसगढ़ से नोएडा जा रही गांजा की खेप बजाग पुलिस ने पकड़ी, नेटवर्क के अन्य सदस्यों की तलाश तेज”
दैनिक रेवांचल टाइम्स बजाग – पुलिस ने मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए 80 किलोग्राम गांजा के साथ एक अंतरराज्यीय तस्कर को गिरफ्तार किया है। आरोपी बिना नंबर की मोटरसाइकिल से छत्तीसगढ़ से उत्तर प्रदेश के नोएडा तक गांजा की खेप ले जा रहा था। पुलिस ने गांजा और मोटरसाइकिल सहित करीब 9 लाख रुपये का मशरूका जब्त किया है। मामले में एक अन्य आरोपी की तलाश जारी है, जबकि पुलिस पूरे तस्करी नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुटी हुई है।
पुलिस द्वारा जारी प्रेस नोट के अनुसार 4 जुलाई 2026 को क्षेत्र भ्रमण के दौरान बजाग पुलिस को एक संदिग्ध मोटरसाइकिल दिखाई दी। पुलिस ने वाहन रोकने का प्रयास किया तो चालक भागने लगा, लेकिन घेराबंदी कर उसे पकड़ लिया गया। पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम अर्जुन पिता प्रदीप कुमार कुशवाहा (20 वर्ष) निवासी कुम्हारपुर, काशीगांव, कानपुर नगर तथा वर्तमान पता सेक्टर-63, गौतमबुद्ध नगर (नोएडा), उत्तर प्रदेश बताया।
तलाशी लेने पर मोटरसाइकिल के पीछे बंधी दो बोरियों से 80 किलोग्राम मादक पदार्थ गांजा बरामद हुआ। पुलिस ने गांजा और बिना नंबर की मोटरसाइकिल जब्त कर ली। प्रेस नोट के अनुसार जब्त मशरूका की कीमत करीब 9 लाख रुपये आंकी गई है।
पूछताछ में आरोपी ने पुलिस को बताया कि उसके आगे सत्यम नाम का व्यक्ति दूसरी मोटरसाइकिल से पायलटिंग कर रहा था। पुलिस उसकी तलाश कर रही है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि गांजा की खेप छत्तीसगढ़ के कोड़ा गांव से नोएडा (उत्तर प्रदेश) ले जाई जा रही थी। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/20 के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है।
उड़ीसा से जुड़े हो सकते हैं तस्करी के तार
सूत्रों के अनुसार इस मामले के तार उड़ीसा से जुड़े होने की आशंका जताई जा रही है। अक्सर उड़ीसा और छत्तीसगढ़ के रास्ते गांजा की बड़ी खेप अन्य राज्यों तक पहुंचाई जाती है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार आरोपी पहले ट्रेन के जरिए नोएडा से रायपुर पहुंचा था। वहां उसे एक अन्य युवक ने बिना नंबर की मोटरसाइकिल और गांजा उपलब्ध कराया, जिसे बोरियों में भरकर उत्तर प्रदेश ले जाया जा रहा था।
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि रायपुर तक आरोपी की पहुंच कैसे हुई, उसे गांजा किसने उपलब्ध कराया और इस पूरे नेटवर्क का मुख्य सरगना कौन है। आशंका है कि इस तस्करी में कई अन्य लोग भी शामिल हो सकते हैं। गिरफ्तार आरोपी नोएडा में ऑटो चलाने का काम करता है। ऐसे में उसके संपर्क किन लोगों से जुड़े हैं, इसकी भी जांच की जा रही है।
वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में हुई कार्रवाई
यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक आशीष खरे, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमती रेखा धर्मेंद्र सिंह तथा अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) विवेक गौतम के निर्देशन में की गई। कार्रवाई में थाना प्रभारी नरेंद्र पाल, उनि संजय धुर्वे, उनि के.एस. सिंह, प्रधान आरक्षक 107 गोविंद मरावी, आरक्षक 323 अंकुर गौतम एवं चालक आरक्षक 387 आकाश अहिरवार की उल्लेखनीय भूमिका रही।
फिलहाल पुलिस फरार आरोपी सत्यम सहित पूरे अंतरराज्यीय तस्करी गिरोह की तलाश में जुटी है और मामले की विवेचना जारी है।
