एक ही छत के नीचे आदिवासी, वैदिक और बौद्ध रीति से संपन्न हुए विवाह; मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना का भव्य आयोजन
रेवांचल टाइम्स छिंदवाड़ा
शहर का दशहरा मैदान शुक्रवार को सामाजिक समरसता और खुशियों का गवाह बना। मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के अंतर्गत नगर निगम छिंदवाड़ा द्वारा आयोजित भव्य सामूहिक विवाह समारोह में 200 जोड़े परिणय सूत्र में बंधे। इस आयोजन की सबसे अनूठी विशेषता यह रही कि एक ही पंडाल के नीचे विभिन्न धर्मों और परंपराओं का संगम देखने को मिला, जहाँ आदिवासी, वैदिक और बौद्ध रीति-रिवाजों से विवाह संस्कार संपन्न कराए गए।
ढोल-नगाड़ों के साथ निकली भव्य बारात
उत्सव का आगाज सुबह 8 बजे टाउन हॉल में पंजीकरण के साथ हुआ। इसके पश्चात, पारंपरिक वेशभूषा में सजे दूल्हों और बारातियों का काफिला बैंड-बाजों की धुन पर निकला। फूलों से सजे वाहनों और नाचते-गाते बारातियों ने पूरे शहर को उत्सव के रंग में सराबोर कर दिया। नगर भ्रमण के दौरान जगह-जगह नागरिकों ने पुष्प वर्षा कर बारात का स्वागत किया।
व्यवस्थाओं में नहीं रही कोई कमी
भीषण गर्मी को देखते हुए प्रशासन ने पुख्ता इंतजाम किए थे। विशाल पंडाल में कूलर, शीतल जल और हजारों लोगों के लिए भोजन की सुचारू व्यवस्था की गई थी। समारोह में छिंदवाड़ा-पांढुर्ना सांसद बंटी विवेक साहू, महापौर विक्रम सिंह अहके, नगर निगम आयुक्त सी.पी. राय और एसडीएम सुधीर जैन सहित कई जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी उपस्थित रहे।
सांस्कृतिक विविधता और एकता का संदेश
समारोह के दौरान मंत्रोच्चारण और पारंपरिक लोक गीतों के बीच जोड़ों ने सात फेरे लिए और नए जीवन का संकल्प लिया।
सांसद बंटी विवेक साहू ने कहा, यह योजना गरीब और जरूरतमंद परिवारों के लिए वरदान है। मुख्यमंत्री मोहन यादव के नेतृत्व में सरकार यह सुनिश्चित कर रही है कि आर्थिक अभाव किसी बेटी की शादी में बाधा न बने।
महापौर विक्रम सिंह अहके ने नवदंपत्तियों को आशीर्वाद देते हुए कहा कि इतनी बड़ी संख्या में समाज की भागीदारी इस आयोजन की सफलता का प्रमाण है।
सामाजिक समरसता की मिसाल
यह आयोजन केवल एक सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि सामाजिक एकता का प्रतीक बन गया। ग्रामीण क्षेत्रों, मौखेड़ और निगम क्षेत्र के परिवारों ने एक साथ मिलकर खुशियां बांटीं। प्रशासन और नगर निगम की टीम ने प्रत्येक रस्म को पूरी गरिमा के साथ संपन्न कराया, जिसकी शहरवासियों ने सराहना की।
