दैनिक रेवांचल टाइम्स। विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य, भावनात्मक संतुलन एवं समग्र व्यक्तित्व विकास को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से शासकीय पॉलीटेक्निक महाविद्यालय पन्ना एवं शासकीय पॉलीटेक्निक महाविद्यालय पवई के संयुक्त तत्वावधान में ऑनलाइन मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में Healing 60 संस्थान, इंदौर की मनोवैज्ञानिक एवं काउंसलर सुश्री अवण्या सिंह ने मुख्य वक्ता के रूप में विद्यार्थियों को मानसिक स्वास्थ्य के विभिन्न पहलुओं पर उपयोगी जानकारी प्रदान की।
प्रशिक्षण के दौरान सुश्री अवण्या सिंह ने कहा कि वर्तमान समय में बढ़ती प्रतिस्पर्धा, परीक्षा का दबाव, करियर की चुनौतियाँ तथा डिजिटल जीवनशैली विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य को प्रभावित कर रही हैं। ऐसे में तनाव को पहचानना, उसका समय पर समाधान करना तथा सकारात्मक सोच विकसित करना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने विद्यार्थियों को नियमित दिनचर्या, पर्याप्त नींद, योग एवं ध्यान, समय प्रबंधन, संतुलित जीवनशैली तथा आवश्यकता पड़ने पर विशेषज्ञों से परामर्श लेने की सलाह दी। उन्होंने यह भी कहा कि मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूक होना किसी कमजोरी का नहीं, बल्कि परिपक्वता और आत्म-जागरूकता का परिचायक है। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने विभिन्न प्रश्न पूछे, जिनका उन्होंने सरल एवं व्यवहारिक उदाहरणों के माध्यम से समाधान प्रस्तुत किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए महाविद्यालय के प्राचार्य श्री अरविंद कुमार त्रिपाठी ने कहा कि “विद्यार्थियों की शैक्षणिक उपलब्धियों के साथ उनका मानसिक एवं भावनात्मक स्वास्थ्य भी उतना ही महत्वपूर्ण है। मानसिक रूप से स्वस्थ विद्यार्थी ही आत्मविश्वास के साथ चुनौतियों का सामना करते हुए अपने जीवन में उत्कृष्ट सफलता प्राप्त कर सकता है। ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों को सकारात्मक सोच, आत्मविश्वास और जीवन कौशल विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।”
कंप्यूटर साइंस विभागाध्यक्ष श्री उत्कर्ष कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि “तकनीकी शिक्षा के साथ मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता आज की आवश्यकता है। विद्यार्थियों को तनावमुक्त वातावरण में सीखने, अपनी भावनाओं को सकारात्मक दिशा देने तथा आवश्यकता पड़ने पर मार्गदर्शन लेने में संकोच नहीं करना चाहिए। मानसिक रूप से सशक्त विद्यार्थी ही समाज और राष्ट्र के विकास में प्रभावी योगदान दे सकता है।”
कार्यक्रम की नोडल अधिकारी श्रीमती वर्षा प्रजापति ने कहा कि “महाविद्यालय का उद्देश्य विद्यार्थियों को केवल तकनीकी रूप से दक्ष बनाना ही नहीं, बल्कि उन्हें मानसिक रूप से भी सुदृढ़ एवं आत्मविश्वासी बनाना है। ऐसे जागरूकता कार्यक्रम विद्यार्थियों में स्वस्थ जीवनशैली, सकारात्मक दृष्टिकोण और आत्म-देखभाल की भावना विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।”
कार्यक्रम के अंत में मुख्य वक्ता सुश्री अवण्या सिंह के प्रति आभार व्यक्त किया गया। इस अवसर पर दोनों महाविद्यालयों के शिक्षकगण, अधिकारी, कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थियों ने ऑनलाइन सहभागिता करते हुए कार्यक्रम को अत्यंत उपयोगी, प्रेरणादायक एवं ज्ञानवर्धक बताया।
(अरविन्द कुमार त्रिपाठी)
प्राचार्य
शासकीय पॉलीटेक्निक महाविद्यालय
पन्ना, जिला-पन्ना (म.प्र.)
